पारिस्थितिक कृषि पर एक पत्रिका

व्यावहारिक क्षेत्र के अनुभवों का खजाना

उदाहरण के माध्यम से नेतृत्व को प्रोत्साहन देना- बीबी फातिमा की सफल कहानी

उदाहरण के माध्यम से नेतृत्व को प्रोत्साहन देना- बीबी फातिमा की सफल कहानी

महिलाओं का सशक्तिकरण अनिवार्य रूप से समाज में परम्परागत रूप से वंचित महिलाओं की आर्थिक, सामाजिक और राजनीतिक स्तर को ऊपर उठाने की प्रक्रिया है। महिलाओं को सशक्त बनाने से...

कृषि पारिस्थितिकी- भारतीय युवाओं के लिए एक स्थाई समाधान

कृषि पारिस्थितिकी- भारतीय युवाओं के लिए एक स्थाई समाधान

युवाओं को कृषि पारिस्थितिकी अभ्यासों को अपनाने के लिए सशक्त बनाकर न केवल स्थाई खाद्य उत्पादन सुनिश्चित होता है, वरन् ग्रामीण आजीविका, पर्यावरणीय संरक्षण और सामाजिक-आर्थिक विकास...

कृषि उद्यमी बनने की यात्रा – महिला किसानों के लिए चुनौतियां एवं आगे का रास्ता

कृषि उद्यमी बनने की यात्रा – महिला किसानों के लिए चुनौतियां एवं आगे का रास्ता

महिलाओं के नेतृत्व में कृषिगत उद्यमों को प्रोत्साहित अब एक विकल्प नहीं, वरन् स्थाई विकास के लिए एक आवश्यक आवश्यकता बन गयी है। ग्रामीण परिवेश में महिलाओं द्वारा संचालित व्यवसायों...

बीज संरक्षक: महिलाओं द्वारा संचालित कृषि उद्यम

बीज संरक्षक: महिलाओं द्वारा संचालित कृषि उद्यम

महाराष्ट्र में महिला उद्यमियों ने आवश्यक वित्तीय एवं तकनीकी सहयोग प्राप्त कर गुणवत्तापूर्ण सामान और सेवाएं उपलब्ध कराने हेतु आत्मविश्वास विकसित किया गया। पहले इन महिलाओं द्वारा...

महिलाओं के नेतृत्व में खेत उद्यम- महत्वहीन बाजरा की क्षमता को सामने लाना

महिलाओं के नेतृत्व में खेत उद्यम- महत्वहीन बाजरा की क्षमता को सामने लाना

ओडिशा में बाजरा के पुनरूद्धार ने महिला समूहों को गरीबी एवं कुपोषण का सामना करने में सहयोग प्रदान कर उनके बीच आत्मविश्वास की भावना उत्पन्न की है। ओडिशा मिलेट मिशन एवं मिशन शक्ति...

10- ड्रम इकाई सिद्धान्त- जैव संसाधन प्रबन्धन हेतु एक स्थाई ढाँचा

10- ड्रम इकाई सिद्धान्त- जैव संसाधन प्रबन्धन हेतु एक स्थाई ढाँचा

यद्यपि स्थाई खेती की तरफ लोगों का झुकाव व बदलाव आशानुरूप है, लेकिन चुनौतियां बनी हुई हैं। खरीफ ऋतु के दौरान भारी बारिश से राईजोम सड़न जैसी समस्याएं और बढ़ रही हैं। इसकी वजह से कुछ...

धान की बीज से सीधी बुवाई: चावल की खेती में क्रान्तिकारी बदलाव

धान की बीज से सीधी बुवाई: चावल की खेती में क्रान्तिकारी बदलाव

  बीज से धान की सीधी बुवाई जैसी तकनीकें, जल संरक्षण, किसान की आय में सुधार एवं पर्यावरणीय परिणामों को बढ़ाने के लिए एक परिवर्तनकारी कदम हैं। विभिन्न संगठनों के संयुक्त...

जलवायु अनिष्चितता का विकल्प: छोटी जोत में धान व मछली की एकीकृत खेती

जलवायु अनिष्चितता का विकल्प: छोटी जोत में धान व मछली की एकीकृत खेती

जलवायुगत अनिश्चितताओं से निपटने हेतु खेती में विभिन्न प्रकार की पद्धतियां हैं जो किसानों की मदद करती हैं। धान-मछली की एकीकृत खेती भी एक ऐसी ही पद्धति है जो अप्रत्याशित वर्षा के...

महिलाओं के नेतृत्व में खेती में किये जा रहे हस्तक्षेप

महिलाओं के नेतृत्व में खेती में किये जा रहे हस्तक्षेप

  जैविक खेती पद्धतियों का उपयोग कर, बाजार के साथ जुड़ाव स्थापित कर, आय उपार्जन कर एवं अपनी स्वयं की तथा अपने समुदाय की जीवन गुणवत्ता में वृद्धि करते हुए दो महिला उद्यमी जैविक...